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इथेनॉल फैक्ट्री में कंप्यूटर ऑपरेटर की करंट लगने से मौत:महू-नीमच हाईवे पर चक्काजाम; परिजन की मांग- एक करोड़ का मुआवजा मिले
मंदसौर में मल्हारगढ़ थाना क्षेत्र की कृपा बायोकेम इथेनॉल फैक्ट्री में रविवार को करंट लगने से कंप्यूटर ऑपरेटर मनीष धमधारा की मौत के बाद हुआ चक्काजाम प्रशासन की समझाइश पर खत्म हो गया है। करीब 4 किलोमीटर तक वाहनों की कतार लगने के बाद अब हाईवे पर धीरे-धीरे यातायात शुरू हो गया है। इधर, मृतक के परिजन मल्हारगढ़ थाने पहुंचे हैं। वे फैक्ट्री प्रबंधन के खिलाफ एफआईआर दर्ज करा रहे हैं। परिजन मुआवजा, फैक्ट्री बंद करने और जिम्मेदार लोगों पर कार्रवाई की मांग कर रहे थे। अस्पताल में शव मिलने के बाद भड़का आक्रोश मनीष की रविवार दोपहर फैक्ट्री में करंट लगने से मौत हुई थी। हादसे के बाद फैक्ट्री कर्मचारी उसे नीमच के अस्पताल लेकर पहुंचे थे। डॉक्टरों ने जांच के बाद उसे मृत घोषित कर दिया। घटना की सूचना मिलने पर परिजन अस्पताल पहुंचे। परिजनों का आरोप था कि शव अस्पताल में पड़ा था, लेकिन फैक्ट्री मालिक या कोई जिम्मेदार व्यक्ति उनके साथ मौजूद नहीं था। इसके बाद परिजन और ग्रामीण नाराज हो गए। मुआवजे और कार्रवाई की मांग को लेकर किया था चक्काजाम परिजनों और ग्रामीणों ने फैक्ट्री प्रबंधन पर लापरवाही का आरोप लगाया। उन्होंने उचित मुआवजा देने, फैक्ट्री बंद करने और जिम्मेदार लोगों पर कार्रवाई की मांग रखी। इन्हीं मांगों को लेकर महू-नीमच स्टेट हाईवे के फोरलेन पर चक्काजाम कर दिया गया था। शाम तक करीब 4 किलोमीटर लंबा जाम लग गया था। हजारों वाहन इसमें फंस गए थे। पत्नी सात महीने की गर्भवती मृतक की बहन के अनुसार मनीष फैक्ट्री में कंप्यूटर ऑपरेटर था। उसकी शादी करीब दो साल पहले हुई थी। उसकी पत्नी सात महीने की गर्भवती है। परिजनों ने सवाल उठाया कि कंप्यूटर ऑपरेटर के रूप में काम करने वाले मनीष को फैक्ट्री में करंट कैसे लगा। उन्होंने हादसे की जांच और जिम्मेदार लोगों पर कार्रवाई की मांग की। अधिकारियों ने की समझाइश चक्काजाम की सूचना पर तहसीलदार पंकज जाट, नायब तहसीलदार वैभव जैन, एसडीओपी पिंटू बघेल और थाना प्रभारी अनिल रघुवंशी मौके पर पहुंचे थे। बाद में एडिशनल एसपी तेर सिंह बघेल ने भी प्रदर्शनकारियों से चर्चा की। अधिकारियों ने परिजनों और प्रदर्शनकारियों से बातचीत की। समझाइश के बाद चक्काजाम समाप्त कर दिया गया। अब थाने में दर्ज हो रही FIR चक्काजाम खत्म होने के बाद हाईवे पर यातायात सामान्य होने लगा है। वाहन धीरे-धीरे आगे बढ़ रहे हैं। इधर, मृतक के परिजन मल्हारगढ़ थाने पहुंच गए हैं। वे फैक्ट्री प्रबंधन के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराने की प्रक्रिया में हैं। आगे की कार्रवाई पुलिस की जांच और परिजनों की शिकायत के आधार पर होगी।
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