crime
महिला बोली- 6 साल बाद गर्भवती हुई थी:पुलिस की मारपीट से गर्भ में पल रहे बच्चे की मौत, भ्रूण को जांच के लिए रखा
बालाघाट में सावित्रीबाई नाम की महिला ने पुलिस पर आरोप लगाए हैं। महिला का कहना है कि पुलिस की मारपीट के कारण उसके गर्भ में पल रहे बच्चे की मौत हो गई। शादी के 6 साल बाद वह गर्भवती हुई थी। मामले में सीएमएचओ डॉ. शत्रुघन दहिया ने बताया कि गर्भपात के कई कारण (जैसे खून की कमी, जेनेटिक समस्या या तनाव) हो सकते हैं। उन्होंने कहा कि महिला पिछले कुछ दिनों से तनाव में थी, जो इसका एक कारण हो सकता है। गर्भपात से निकले भ्रूण को जांच के लिए सुरक्षित रख लिया गया है, जांच रिपोर्ट आने के बाद ही सही कारण का पता चलेगा। मामले की पृष्ठभूमि और पुलिस की कार्रवाई यह पूरा मामला 21 अगस्त को किरनापुर में हुई 50 हजार की चोरी से जुड़ा है। पुलिस ने 2 सितंबर को संदेही के तौर पर टिमकीटोला निवासी कैलाश चौधरी और उनकी पत्नी सावित्री को हिरासत में लिया था। महिला का आरोप है कि थाने में पुरुष पुलिसकर्मियों ने जुर्म कबूल कराने के लिए उसके साथ मारपीट की। इस घटना के बाद 15 सितंबर को समाज के प्रदर्शन के दौरान थाने में पथराव और तोड़फोड़ हुई थी, जिसमें पुलिस ने 63 नामजद समेत 100 से 200 लोगों पर बलवा और शासकीय संपत्ति को नुकसान पहुंचाने का मामला दर्ज किया है। वहीं, महिला से जुड़ी घटना में 4 पुलिसकर्मियों पर अपराध दर्ज किया जा चुका है। समाज की बैठक और आगे की मांग घटना के विरोध में मरार माली समाज के जिलाध्यक्ष रमेश पंचे ने शुक्रवार को मरार माली सामाजिक भवन में प्रदेश स्तरीय बैठक बुलाई है। इसमें मध्य प्रदेश के विभिन्न जिलों और गोंदिया से करीब 200 से 250 प्रतिनिधि शामिल होंगे। समाज की मांग है कि महिला के गर्भपात के बाद आरोपी पुलिसकर्मियों पर भ्रूण हत्या का मामला भी दर्ज किया जाए।
Read full article on Bhaskar